Thursday, January 5, 2012

मिल तो ऐसे मिल मुझे अपना बना ले तू

मिल तो ऐसे मिल
मुझे अपना बना ले तू
~
मैं तेरा हूँ
मुझे खुद में समा ले तू
~
यह आँखें प्यासी हैं दीदार को तेरी
मेरी प्यास भुझा दे तू
~
रहना नहीं हैं जुदा होकर
हम दोनों को
यह रब को बता दे तू
~
रोमिल, मिल तो ऐसे मिल
मुझे अपना बना ले तू...

#रोमिल

Wednesday, January 4, 2012

खुदा करे कुछ ऐसी फिजा हो जाये कि तुझे मुझसे मोहब्बत हो जाये

खुदा करे कुछ ऐसी फिजा हो जाये,
कि तुझे मुझसे मोहब्बत हो जाये,

नूर सदा रहे तेरे चहरे पर,
कि तुझे रोशनी की चाहत हो जाये,
खुदा करे कुछ ऐसी फिजा हो जाये...

चमकता रहे तारा, सदा तेरे माथे पर,
कि अँधेरे को भी रोशनी की आस हो जाये,
खुदा करे कुछ ऐसी फिजा हो जाये...

मुस्कुराहट, चहरे पर तेरे, सुबह लेकर आये,
कि तुझे मुस्कुराने की आदत हो जाये,
खुदा करे कुछ ऐसी फिजा हो जाये...

न दिन को चैन, न रात को तुझे आराम आये,
कि खुदा के बाद सिर्फ तेरे लबो पर मेरा ही नाम आये,
खुदा करे कुछ ऐसी फिजा हो जाये...

खुदा करे कुछ ऐसी फिजा हो जाये
कि तुझे रोमिल से मोहब्बत हो जाये...

#रोमिल

Tuesday, January 3, 2012

न हम रब मांगते हैं

न हम रब मांगते हैं
न हम दुनिया-ए-जागीर मांगते हैं
हम तो सिर्फ अपनी वफ़ा का सिला मांगते हैं...
***
तू रहे चाहे किसी की भी सनम
हम तो सिर्फ तेरे दिल के किसी कोने में एक जगह मांगते हैं...
***
शमा की मोहब्बत में जान तक दे दे
हम ऐसे परवाने को पाने की दुआ मांगते हैं...
***
चाहे जितनी भी बेवफाई कर ले हमसे रोमिल
हम तो हमेशा उसकी खुशियों की दुआ मांगते हैं...

Monday, January 2, 2012

आइना हूँ मैं...

आइना हूँ मैं
मुझसे कैसी नज़र चुरा पाओगे.

तूने ही तो मेरा घर जलाया हैं
अपने जले हुए हाथ कैसे छुपा पाओगे.

कोई भी पढ़ लेगा तुम्हारा चेहरा
मेरा नाम इस पर से कैसे हटा पाओगे.

दर्द में हूँ फिर भी हाल नहीं पूछते हो
रोमिल, उस खुदा के सामने सजदा कैसे कर पाओगे.

#रोमिल

Sunday, January 1, 2012

बात पुरानी नहीं हुई हैं यह

बात पुरानी नहीं हुई हैं यह
सागर आज भी साहिल को देखकर अंगड़ाई लेता हैं...
*
सावन का मौसम जब-जब आये
मोर अपने पंख फैला ही लेता हैं...
*
चाहे गुलाब किताबों में रखा कितना भी पुराना क्यों न हो जाये
आज भी बीती यादें दिल में जगा ही देता हैं...
*
चेहरा बदल जाये
उम्र ढल जाये
मगर एहसास न जुदा हो
साज़ चाहे कितना भी पुराना क्यों न हो रोमिल
होंठों पर आये तो तराना बना ही देता हैं...

#रोमिल

Saturday, December 31, 2011

kuch shabd...

उसकी तमन्ना के सिवा ज़िन्दगी में कोई तमन्ना नहीं,
मुझे तो रोमिल, ज़र्रे-ज़र्रे में उसका चेहरा नज़र आता है...
***
लोग कहते है परवरदिगार के घर जाया कर,
मैं कहता हूँ उसने अभी तक मुझे अपना पता बताया नहीं.

लोग कहते है रब के सामने सर झुकाया कर,
मैं कहता हूँ रोमिल, वो कभी सामने आया नहीं.

#रोमिल

Friday, December 30, 2011

यादों में चिराग-ए-दिल जलता रहा सारी रात

यादों में चिराग-ए-दिल जलता रहा सारी रात
हम वजह-ए-तन्हाई किसी को बता न सके...
~*~
फैसला-ए-इश्क हमको मंज़ूर था उनका
हम टूटे हुए खवाब किसी को दिखा न सके...
~*~
दामन-ए-यार की आरज़ू थी अपनी
हम जला हुआ हाथ छुपा न सके...
~*~
आरज़ू थी की उनकी नज़रों के नूर बने
हम अपने आंसू बहने से बचा न सके...
~*~
यादों में चिराग-ए-दिल जलता रहा सारी रात
रोमिल, हम वजह-ए-तन्हाई किसी को बता न सके...

#रोमिल